जगत के कोई भी प्राणी को दुख और सुख में कोई फर्क नहीं

राष्ट्रीय महिला परिषद माचा स्वामी महिला सेवा समिति द्वारा श्री सीताराम विवाह महोत्सव ,महावीर मंदिर रामना मैदान,आरा। में प्रथम दिवस के प्रातः बेला में गौरी गणेश पूजन और पूर्व आवाहित देवी देवताओं की पूजन वैदिक रीति रिवाज से आचार्य श्री ज्योति पाठक ने कराई, उसके बाद श्री रामचरित मानस पाठ कर्ता श्री शशि भूषण जी महाराज ने पाठ की विधि और मानस रामायण में श्री राम प्रभु की जीवन पर प्रकाश डालते हुए कहा,यदि हम सब प्राणी श्री राम की जीवन को अपने जीवन में आत्म सात करे तो सारी प्राणी एक सामान हो जाए और जगत के कोई भी प्राणी को दुख और सुख में कोई फर्क नहीं और वह जीव जीवन को हर पल आनन्द की अनुभूति को प्राप्त होता है,शिव सत्य के प्रतीक है जो सत्य है वही तो शिव है माता सती ने प्रभु की परीक्षा लिया और शिव से दुराव को प्राप्त हुई सेवरी ने प्रभु की राह देखते हुईं उमर बिताई ईश्वर की प्राप्त हुई।

वही श्री मद भागवत भक्ति ज्ञान कथा यज्ञ मंच की उद्घाटन श्रीमती इंदु देवी, मेयर भोजपुर ने दीप प्रज्वलित करके इस कथा मंच की शुभकामना प्रकट की मंच संचालक श्री सत्यनारायण उपाध्याय जी ने की श्रीमद भागवत कथा व्यास श्री प्रेममूर्ति प्रदीप जी महाराज श्रीधाम वृन्दावन धाम से पधारे कथा के माध्यम से जीव का कल्याण और भागवत रहस्य की व्याख्यान के धुंधकारी प्रसंग पर कहा कि जो जीव नियम पूर्वक भागवत कथा श्रवण करता है उस जीव को कभी भी नरक के द्वार न देख सकता, हर प्राणी को कुसंग से बचाना चाहिए, कुसंग में धुंधकारी पड़ा और प्रेत योनि की प्राप्ति की उनके उधार के लिए बड़े भी गौकर्ण जी ने श्रीमद भागवत कथा सुनाई तो धुंधकारी प्रेत योनि से मुक्ति को प्राप्त हुई। इस आयोजन की अध्यक्षा श्रीमती लालती सिंह,लीला सिंह, उषा पांडेय, आशा देवी, उर्मिला सिंह, राधिका देवी, उर्मिला सिन्हा, पुष्पा सिन्हा, जया जी, राधा शर्मा, जुली जी और रंजू देवी वही भागवत कथा में प्रसाद की वितरण श्री विष्णु जी नवादा के द्वारा किया गया
sanjay ray
